टिहरी में पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा, 100 नए होम स्टे बनाने के लिए जिला सहकारी बैंक देगा 40 लाख तक का ऋण
युवाओं के लिए रोजगार की नई राह खोलेगा जिला सहकारी बैंक, 100 होम स्टे के लिए देगा वित्तीय मदद

नई टिहरी। पर्यटन और स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए जिला सहकारी बैंक ने कदम उठाया है। बैंक टिहरी झील सहित विभिन्न पर्यटन स्थलों पर युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए प्रदेश सरकार की होम स्टे योजना के तहत 100 होम स्टे के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराएगा। यह योजना युवाओं के लिए मील का पत्थर साबित हो सकती है।
शनिवार को जिला सहकारी बैंक की समीक्षा बैठक करते हुए बैंक के अध्यक्ष सुभाष चंद रमोला ने बताया कि एक माह के भीतर बैंक शाखाओं ने 40 करोड़ से अधिक का ऋण वितरण कर काश्तकारों को स्वरोजगार, कृषि और उद्यान के क्षेत्र में सहयोग दिया है। बताया कि 100 होम स्टे बनाने के लिए बैंक वित्तीय सहायता देगा। जिसके तहत टिहरी बांध की झील के आसपास, सेम-मुखेम, धनोल्टी, काणाताल, नागटिब्बा जैसे पर्यटन स्थल शामिल हैं। सभी बैंक शाखाओं को निकटवर्ती क्षेत्रों में होम स्टे के लिए आवेदन मांगने के निर्देश दिए हैं। कहा कि जिला प्रशासन से सहयोग कर बैंक प्रबंधन इसके लिए समन्वय बनाए। 10 से 40 लाख रूपये तक सरकार की योजना के अनुसार होम स्टे के लिए ऋण दिया जाएगा। रमोला ने बताया कि बैंक को ऋण वितरण और वसूली के लिए दिए गए टार्गेट में आशातीत बढ़ोत्तरी हुई है। जिला सहकारी बैंक नई टिहरी, मुनिकीरेती, ढालवाला, सांयकालीन ढालवाला, गरखेत, नैनबाग, नरेंद्रनगर, कीर्तिनगर ब्रांच ने लक्ष्य पूरे किए हैं। उन्होंने उन बैंक शाखाओं को सख्त हिदायत दी जिन्होंने लक्ष्य से कम प्रगति हासिल की है। ऐसी शाखा के अधिकारियों के वेतन वृद्धि सहित कठोर कार्रवाई की जाएगी। अध्यक्ष ने त्योहारी सीजन में सभी ब्रांच को वाहन ऋण का लक्ष्य अधिकाधिक संख्या में पूरा करने के निर्देश दिए। बैंक के महाप्रबंधक राहुल गैरोला ने बताया कि वित्तीय वर्ष में दिए गए लक्ष्यों को पूरा करने के लिए अधिकारी-कर्मचारी मनोयोग से कार्य कर रहे हैं।



