रानीचौरी में राष्ट्रीय पोषण माह का समापन, उत्कृष्ट कार्य करने वालों का हुआ सम्मान
रानीचौरी में राष्ट्रीय पोषण माह का समापन, उत्कृष्ट कार्य करने वालों का हुआ सम्मान

रानीचौरी, टिहरी गढ़वाल। कृषि विज्ञान केंद्र, रानीचौरी में राष्ट्रीय पोषण माह के तहत आयोजित एक माह लंबे सघन पोषण अभियान का समापन सम्मान समारोह के साथ हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में श्रीमती सुमन सजवाण शामिल हुईं। इस दौरान विभिन्न प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों और पोषण जागरूकता के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में डॉ. ए. अरुणाचलम, संयुक्त निदेशक, प्रो. जे.सी. कुणियाल, प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष तथा चंबा की बाल विकास परियोजना अधिकारी (CDPO) श्रीमती ममता लेखक विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहीं।
कार्यक्रम की समन्वयक एवं कृषि विज्ञान केंद्र रानीचौरी की वैज्ञानिक डॉ. कीर्ति कुमारी ने अभियान के दौरान आयोजित गतिविधियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि एक माह तक चले अभियान में पोषण जागरूकता एवं परामर्श कार्यक्रम, क्षमता निर्माण प्रशिक्षण, विद्यालय एवं महाविद्यालयों में पोस्टर व पोषण रंगोली प्रतियोगिताएं, वेबिनार सहित विभिन्न जन-जागरूकता गतिविधियां आयोजित की गईं। इन गतिविधियों से कुल 670 प्रतिभागी लाभान्वित हुए।
डॉ. कीर्ति कुमारी ने कहा कि पोषण सुरक्षा का अर्थ केवल पर्याप्त भोजन उपलब्ध होना नहीं है, बल्कि स्थानीय, विविध, सुरक्षित और पोषक खाद्य पदार्थों के उत्पादन एवं नियमित सेवन को बढ़ावा देना भी जरूरी है। उन्होंने कुपोषण की रोकथाम में कृषि विज्ञान केंद्रों की भूमिका पर भी प्रकाश डाला।
संयुक्त निदेशक डॉ. ए. अरुणाचलम ने कहा कि विश्वविद्यालय द्वारा ‘Agriculture for Health’ कार्यक्रम के माध्यम से विविधतापूर्ण खाद्य उत्पादन के साथ संतुलित एवं विविध आहार के सेवन को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है। उन्होंने कृषि और पोषण के बीच बेहतर समन्वय को स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए महत्वपूर्ण बताया।
CDPO चंबा श्रीमती ममता लेखक ने महिलाओं एवं परिवारों के लिए संचालित पोषण और मातृ-शिशु कल्याण योजनाओं की जानकारी दी। वहीं प्रो. जे.सी. कुणियाल ने महिलाओं, विद्यार्थियों और किसानों से दैनिक आहार में स्थानीय, पारंपरिक एवं पौष्टिक खाद्य पदार्थों को शामिल करने का आह्वान किया। उन्होंने सुरक्षित पेयजल को भी स्वस्थ जीवन का महत्वपूर्ण आधार बताया।
समारोह में कॉलेज ऑफ फॉरेस्ट्री एवं कॉलेज ऑफ हिल एग्रीकल्चर, रानीचौरी के विद्यार्थियों द्वारा आयोजित पोस्टर एवं पोषण रंगोली प्रतियोगिताओं की विजेता टीमों को सम्मानित किया गया। इसके अलावा समुदाय में पोषण जागरूकता एवं सेवाओं के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए आंगनवाड़ी कार्यकर्ता श्रीमती शोभा भट्ट और आंगनवाड़ी पर्यवेक्षक श्रीमती भागीरथी पंवार को भी सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान किसानों एवं आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को पोषण वाटिका सब्जी किट वितरित किए गए। इनका उद्देश्य घर और आंगनवाड़ी स्तर पर स्थानीय एवं पौष्टिक सब्जियों के उत्पादन को बढ़ावा देना है।
मुख्य अतिथि श्रीमती सुमन सजवाण ने प्रतियोगिताओं के विजेताओं को बधाई देते हुए कहा कि स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पौष्टिक खाद्य पदार्थों का उत्पादन और सेवन स्वस्थ समाज की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने लोगों से स्थानीय एवं पौष्टिक खाद्य पदार्थों को दैनिक आहार में शामिल करने का आह्वान किया।
राष्ट्रीय पोषण माह के समापन समारोह में स्वयं सहायता समूहों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और विद्यार्थियों सहित 105 प्रतिभागियों ने सहभागिता की। कार्यक्रम के माध्यम से स्थानीय खाद्य विविधता, पोषण जागरूकता और सामुदायिक सहभागिता के साथ कृषि एवं स्वास्थ्य के बीच बेहतर समन्वय का संदेश दिया गया।



