सीएचसी बलेश्वर, पिलखी और पीएचसी नंदगांव का सीएमओ ने किया निरीक्षण, स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के दिए निर्देश
सीएचसी बलेश्वर, पिलखी और पीएचसी नंदगांव का सीएमओ ने किया निरीक्षण, स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के दिए निर्देश

टिहरी । जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ एवं जनोपयोगी बनाने के उद्देश्य से मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राम प्रकाश ने सीएचसी बलेश्वर, सीएचसी पिलखी एवं पीएचसी नंदगांव का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य सुविधाओं, अस्पताल व्यवस्थाओं और निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
सीएचसी बलेश्वर में व्यवस्थाओं का लिया जायजा
निरीक्षण के दौरान सीएचसी बलेश्वर में BPHU लैब, अस्पताल परिसर, अस्पताल आवास, ओपीडी और इमरजेंसी सहित विभिन्न व्यवस्थाओं का गहन निरीक्षण किया गया। सीएमओ ने उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं, भवनों एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की स्थिति का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को व्यवस्थाओं में आवश्यक सुधार करने और मरीजों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
पिलखी में निर्माण कार्यों की समीक्षा
इसके बाद सीएमओ ने सीएचसी पिलखी में चल रहे निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। कार्यदायी संस्था के अधिशासी अभियंता मनोज एवं अभिषेक तोमर तथा प्रभारी चिकित्सा अधिकारी ऊषा भट्ट के साथ निर्माण कार्यों की वर्तमान स्थिति, गुणवत्ता और प्रगति की समीक्षा की गई।
सीएमओ ने निर्माण कार्यों को निर्धारित मानकों के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने पर जोर दिया।
नंदगांव में प्रसव और ओपीडी सेवाएं बढ़ाने पर जोर
वहीं पीएचसी नंदगांव के निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति और मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की समीक्षा की गई। सीएमओ ने संस्थान में प्रसव सेवाओं एवं ओपीडी में वृद्धि के लिए आवश्यक प्रयास करने के निर्देश दिए, ताकि अधिक से अधिक ग्रामीणों को स्थानीय स्तर पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिल सके।
निरीक्षण के दौरान प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरविंद आर्य को स्वास्थ्य संस्थानों में स्वच्छता व्यवस्था, मरीजों की सुविधा और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए।
सीएमओ ने कहा कि जनपद के स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करते हुए मरीजों को समय पर गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना प्राथमिकता है। इसके लिए स्वास्थ्य संस्थानों की नियमित समीक्षा एवं निरीक्षण किया जाएगा।



