टिहरी : चंबा में गूंजा युवाओं का रोजगार का मुद्दा, धनाई बोले- पहाड़ में रोजगारपरक शिक्षा से रोकेंगे पलायनटिहरी : चंबा में गूंजा युवाओं का रोजगार का मुद्दा, धनाई बोले- पहाड़ में रोजगारपरक शिक्षा से रोकेंगे पलायन
पूर्व कैबिनेट मंत्री दिनेश सिंह धनाई ने युवाओं से किया संवाद, बोले—पहाड़ में रोजगारपरक शिक्षण संस्थानों को बढ़ावा देना जरूरी

नई टिहरी/चंबा। टिहरी विधानसभा क्षेत्र के चंबा विकासखंड में आयोजित युवा संवाद कार्यक्रम में पूर्व कैबिनेट मंत्री दिनेश सिंह धनाई ने युवाओं से संवाद कर उनके भविष्य, रोजगार और क्षेत्र में नए अवसरों को लेकर चर्चा की। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में युवाओं ने प्रतिभाग कर शिक्षा, खेल और रोजगार से जुड़े अपने सुझाव साझा किए।
पूर्व मंत्री धनाई ने कहा कि टिहरी विधानसभा क्षेत्र के युवाओं के भविष्य को बेहतर बनाने और उन्हें रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए ठोस कदम उठाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि युवाओं के सुझावों और विचारों को प्राथमिकता देते हुए शिक्षा, कौशल विकास, स्वरोजगार और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में प्रभावी प्रयास किए जाने चाहिए।
संवाद के दौरान युवाओं ने क्षेत्र में खेल विश्वविद्यालय की स्थापना और बेहतर खेल मैदान विकसित करने की मांग प्रमुखता से रखी। युवाओं ने कहा कि टिहरी में खेल प्रतिभाओं की कमी नहीं है, लेकिन उन्हें बेहतर प्रशिक्षण और सुविधाएं उपलब्ध कराने की आवश्यकता है।
धनाई ने कहा कि पहाड़ों में बड़े उद्योग स्थापित करने के लिए आवश्यक कच्चा माल उपलब्ध कराना चुनौतीपूर्ण हो सकता है, लेकिन रोजगारपरक शैक्षणिक संस्थान स्थापित करने के लिए इस तरह की बाध्यता नहीं है। ऐसे संस्थान पहाड़ों में शिक्षा के साथ-साथ प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा कर सकते हैं और पलायन रोकने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
पूर्व मंत्री ने कहा कि उनके कार्यकाल में टिहरी को शिक्षा का हब बनाने की दिशा में कई संस्थानों की स्थापना की गई थी। इनमें बीएससी नर्सिंग कॉलेज, होटल मैनेजमेंट कॉलेज, पॉलीटेक्निक, आईटीआई, कोटी में जल-थल-वायु साहसिक खेल अकादमी और संगीत महाविद्यालय शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इन संस्थानों को आगे बढ़ाने और इनके माध्यम से युवाओं के लिए नए अवसर तैयार करने की जरूरत है।
उन्होंने युवाओं से क्षेत्र के विकास को लेकर लगातार संवाद बनाए रखने और नए रोजगारपरक क्षेत्रों की पहचान करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में गौरव गुसाईं, धनवीर पुरसोड़ा, अनुज डबराल, नवनीत रावत, अमन सजवाण, सुशांत उनियाल, प्रवीण भंडारी, भानु प्रताप सिंह पुंडीर, भानु पुंडीर, ब्रिजेश बहुगुणा, अंकित बहुगुणा, प्रवीण मखलोगा, संदीप पंवार, राहुल डोटियाल, कुलदीप नेगी, दीपक सजवाण, आशीष कोठियाल, देवेंद्र कोठारी, विनोद पुंडीर, योगेश थपलियाल, अरविंद कोठारी सहित सैकड़ों युवा मौजूद रहे।



