टिहरी : साबली गांव ने दिखाई राह: ‘शराब नहीं, संस्कार’ मुहिम को मिला नया संकल्प
टिहरी : साबली गांव ने दिखाई राह: ‘शराब नहीं, संस्कार’ मुहिम को मिला नया संकल्प

टिहरी गढ़वाल।ग्राम पंचायत साबली, जो विद्वान जनों का गांव होने के साथ-साथ छोटी काशी के नाम से भी जाना जाता है, में वर्षों से चली आ रही शराब मुक्त परम्परा को आगे भी कायम रखने का सामूहिक संकल्प लिया गया। ग्राम सभा की बैठक ग्राम प्रधान अनीता बहुगुणा की अध्यक्षता में आयोजित हुई, जिसमें गांव को पूर्ण रूप से नशामुक्त बनाए रखने का सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया।
बैठक में “शराब नहीं संस्कार मुहिम” के तहत ग्रामवासियों ने विश्वास दिलाया कि गांव में धार्मिक, सामाजिक एवं राजनीतिक कार्यक्रमों सहित शादी-विवाह जैसे आयोजनों में पहले की तरह आगे भी शराब एवं किसी भी प्रकार के नशे का प्रयोग नहीं किया जाएगा। मुहिम के प्रणेता सुशील बहुगुणा ने कहा कि साबली गांव हमेशा से संस्कार एवं सामाजिक जागरूकता का उदाहरण रहा है।
इस अवसर पर ग्राम समाज सुधार समिति का नवीनीकरण किया गया तथा सामाजिक सहभागिता को मजबूत करने के उद्देश्य से महिला मंगल दल का गठन किया गया।
ग्राम समाज सुधार समिति के नव चयनित सदस्य संदीप बहुगुणा अध्यक्ष सुनीता बहुगुणा उपाध्यक्ष रिंकी बहुगुणा सचिव रीना बहुगुणा सहसचिव अनिता बहुगुणा कोषाध्यक्ष सीमा, कंचन, पूजा पयाल, मधुबाला, प्रेमलता , रविन्द्र बहुगुणा अनिल नित्यानंद को सदस्य चयनित किया गया। इस अवसर पर
नवगठित महिला मंगल दल
प्रेमलता (अध्यक्ष), रिंकी (कोषाध्यक्ष), कंचन (उपाध्यक्ष), हर्षी (सचिव), अंकिता (उप सचिव) तथा सदस्य के रूप में सुनीता, पूनम, राधा, रेखा देवी एवं सीमा को जिम्मेदारी सौंपी गई।
ग्राम सभा द्वारा पारित प्रस्ताव
ग्रामसभा में सामाजिक व्यवस्था एवं ग्राम हित को ध्यान में रखते हुए प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किए गए जिसमें ग्राम सीमा के भीतर किसी भी व्यक्ति द्वारा शराब या अन्य नशीले पदार्थ का सेवन करने, सार्वजनिक स्थान पर नशा करने अथवा नशे की स्थिति में पाए जाने पर ग्रामसभा द्वारा निर्धारित आर्थिक दंड रु 21000लगाया जाएगा।
साथ ही शादी-विवाह, सांस्कृतिक कार्यक्रमों एवं अन्य आयोजनों में डीजे अथवा ध्वनि विस्तारक यंत्र रात्रि 12 बजे के बाद नहीं बजाए जाएंगे।गांव में बाहरी व्यक्तियों द्वारा नशा, अवैध गतिविधियों या संदिग्ध कार्यों पर ग्राम प्रहरी एवं समिति निगरानी रखेगी तथा आवश्यक होने पर प्रशासन को सूचना दी जाएगी।ग्रामवासियों द्वारा कृषि भूमि बाहरी व्यक्तियों को नहीं बेची जाएगी। यदि किसी व्यक्ति को आर्थिक कारणों से भूमि बेचनी पड़े तो प्राथमिकता गांव के लोगों या निकट संबंधियों को दी जाएगी।
ग्रामसभा में उपस्थित युवाओं एवं ग्रामीणों ने एक स्वर में गांव की सांस्कृतिक पहचान को बनाए रखते हुए साबली को आदर्श नशामुक्त गांव बनाए रखने का संकल्प दोहराया।
इस अवसर पर पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य सोहनलाल कृष्णा बहुगुणा आदि उपस्थित रहे



